नई कार खरीदने के बाद अक्सर लोग करते हैं ये बड़ी गलतियां, जानें

पहली नई कार खरीदने का सपना कुछ लगा ही अहसाह देता है, और जब से कारों पर बेहतर फाइनेंस की सुविधा उपलब्ध हुई है तो कार खरीदने की ख़ुशी भी लोगों में काफी बढ़ रही है। इस समय भारत में नई-नई टेक्नोलॉजी वाली कारें आने लगी हैं, जिनमें से एक है ऑटोमैटिक गियरबॉक्स, इतना ही नहीं AMT गियरबॉक्स जोकि थोड़ी सस्ती टेक्नोलॉजी इसके आने के बाद तो ड्राइविंग और भी सरल हो चुकी है,लेकिन बावजूद इसके लोग अभी भी मैन्युअल गियरबॉक्स वाली कारें ही खरीदना पसंद कर रहे हैं क्योंकि ये सस्ती होने के कारण इनका रखरखाव भी सस्ता पड़ता है। लेकिन अक्सर देखने में आता है कि जब लोग मैन्युअल गियरबॉक्स वाली नई कार खरीदते हैं और ड्राइव करने जाते हैं तो कुछ ऐसी गलतियां कर जाते हैं जिसकी वजह से गाड़ी को काफी नुकसान होने की संभावना बढ़ जाती है। तो कौन सी होती हैं वो गलतियां ? इस रिपोर्ट में हम आपको बता रहे हैं।

हमेशा हाथ गियर लीवर पर न रखें

ड्राइव करते समय लोग एक हाथ स्टेयरिंग पर रखते हैं और दूसरा हाथ गियरलीवर पर रखते हैं। यह बिलकुल सही नहीं है।  अगर गियर लीवर पर हाथ रखने से सेलेक्टर फॉर्क रोटेटिंग कॉलर के संपर्क में आ सकता है और गियर बदलने की आशंका बनी रहती है। इस वजह से कार चलाने के दौरान अपना हाथ स्टीयरिंग वील पर ही रखें, इससे आप और आपकी गाड़ी, दोनों सुरक्षित रहेंगे।

क्लच पर लगातार पैर रखने से बचें

ज्यादातर लोग क्लच पर पैर रखकर, या फिर हाफ क्लच पर पैर रखकर गाड़ी चलाते हैं जोकि बिलकुल भी सही नहीं है, ऐसा करने से फ्यूल की खपत तो बढ़ती ही है साथ ही ट्रांसमिशन एनर्जी को नुकसान होने की संभावना भी बनी रहती है। इसके अलावा क्लच खराब  होने की संभावना ज्यादा बढ़ जाती है।  एक समय ऐसा भी आता है जब गाड़ी बार-बार मैनेटेंस मांगने लगती है और आपकी जेब पर भी इसका असर पड़ता है, क्योंकि जब-जब क्लच प्लेट्स चेंज होंगी तो इंजन ऑयल भी पूरा बदलेगा।  

सही गियर में ड्राइव करें

अक्सर लोग स्पीड के अनुसार गियर चेंज नहीं करते, कई बार 3rd या 4th गियर में ही गाड़ी चलती चली जा रही है, और ड्राइव करने वाले को होश ही नहीं होता, इतना ही नहीं लो स्पीड में भी लोग टॉप गियर में गाड़ी चलाते हुए नज़र आ जाते हैं, और ऐसा करने से गियरबॉक्स को बहुत ज्यादा वाला नुकसान पहुंचता है। और इंजन पर दबाव पड़ता है साथ ही फ्यूल की खपत बढ़ने लगती है। वैसे इसी को देखते हुए आजकल कई गाड़ियों में गियरशिफ्ट इंडिकेटर जैसा फीचर भी आने लगा हैं जिसकी मदद से आपको गियर बदलने में मदद मिलती है। आपको बता दें कि कार का गियर हमेशा उचित इंजन RPM (रेवॉल्यूशन प्रति मिनट) पर बदलना चाहिए। उसी के मुताबिक अक्सेलरेटर दबाना चाहिए। यदि आप ऐसा करते हैं तो आपकी कार को कोई नुकसान नहीं होगा।

रेड लाइट/सिग्नल पर गाड़ी गियर में न रखें

यह बात अक्सर देखने में आती है कि लोग  रेड लाइट पर गाड़ी को स्टार्ट रखते हैं, साथ ही गाड़ी को गियर में भी रखते हैं जिसकी वजह से क्लच को दबाये रखना पड़ता है। अब ज्यादा देर खड़ी गाड़ी में क्लच का इस्तेमाल करने से इंजन और क्लच दोनों को काफी ज्यादा नुकसान हो सकता है। और सबसे जरूरी बात ऐसे में अगर सिग्नल ग्रीन होने से पहले क्लच से पैर स्लिप हो जाए तो गाड़ी आगे बढ़ जायेगी और दुघर्टना भी हो सकती है। इसलिए जब रेड लाइट हो इंजन बंद कर देना चाहिए।

चढ़ाई पर क्लच पैडल न दबायें  

चढ़ाई पर देखा गया है कि लोग क्लच दबाए रखते हैं, जो कि सही नहीं है, क्योंकि ऐसा करने से कार बिना गियर के हो जाती है। अगर आप ऐसे में क्लच दबाए रखते हैं, तो ढाल आने पर कार पीछे की तरफ जाने लगती है। इसलिए कार को चढ़ाते वक्त गियर में ही रखें और क्लच का इस्तेमाल सिर्फ गियर बदलते समय ही करें। चढ़ाई के समय गाड़ी की स्पीड कम ही रखें।