Google Chrome का इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे आप, ये है वजह

Google Chrome दुनिया में सबसे ज्यादा इस्तेमाल किया जाने वाला ब्राउजर है. वह इसलिए भी क्योंकि यह हर एंड्रॉइड ऑपरेटिंग सिस्टम में पहले से होता है और वेब डेवलपर इसकी स्पीड की वजह से डेस्कटॉप पर खासा इस्तेमाल करते हैं. इस ब्राउजर के ओवन-सोर्स क्रोमियम वर्जन इंजन को अन्य ब्राउजर जैसे माइक्रोसॉफ्ट एज, ब्रेव, विल्वाडी में भी इस्तेमाल किया जाता है.

बहरहाल, गूगल के पॉपुलर ब्राउजर पर काम करने वाले डेवलपर ने घोषणा की है कि यह ब्राउजर इंजन पुराने प्रोसेसर में अब काम नहीं करेगा. अगर आप अब भी पुराने प्रोसेसर का इस्तेमाल कर रहे हैं तो यह आपको प्रभावित करेगा. मोटा-मोटी समझें तो अगर आपके कंप्यूटर का सीपीयू 15 साल से पुराना है तो गूगल क्रोम अब आपके सिस्टम में नहीं चलेगा. टेकस्पोट स्टेट की रिपोर्ट के मुताबिक गूगल क्रोम अब वर्जन 89 से पहले पहले के कंप्यूटर में काम नहीं करेगा.

इसका मतलब है कि Celeron M series का सीपीयू या Intel Atom processor जो SSE3 लेवल का नहीं है, वो आप अब भी इस्तेमाल कर रहे हैं तो, आप प्रभावित होंगे. क्योंकि आपका सीपीयू नई जरूरतों को पूरा नहीं करेगा. इसलिए ब्राउजर आपके कंप्यूटर में इन्सटॉल ही नहीं होगा.

अगर आप फिर भी जोर जबरदस्ती से ब्राउजर को कंप्यूटर पर इन्सटॉल करने की कोशिश करेंगे, तो लोड होने पर यह क्रैश हो जाएगा या लोड ही नहीं होगा. यह केवल विंडो कंप्यूटरों के लिए है क्योंकि अन्य प्लेटफॉर्म जहां क्रोम इस्तेमाल किया जाता है उन्हें पहले ही प्रोसेसर में SSE3 सपोर्ट की जरूरत होती है, जिनमें macOS, Android and ChromeOS शामिल हैं. आपको Chromium 87 से शुरू होता हुआ संदेश मिलेगा. बहरहाल, अभी आपके पास कुछ हफ्ते हैं, जब क्रोम आपके पुराने सिस्टम में चलना बंद हो जाएगा.

बहरहाल, अगर आप फिर भी पुराने कंप्यूटर में इंटरनेट का इस्तेमाल करना चाहते हैं तो हमारी सलाह है कि आप Mozilla’s Firefox डाउनलोड कर लें. यह आपके सिस्टम में अच्छी तरह से काम करता रहेगा.


सत्यव्रत का मानना है कि टेक्नॉलजी का जितना इस्तेमाल करेंगे, उतना जानेंगे. इसी के चलते उन्होंने टेक जर्नलिस्ट बनने का फैसला लिया. सत्यव्रत ने अपने करियर की शुरुआत दैनिक जागरण से की थी, साल 2015 में वह ज़ी न्यूज़ से जुड़े. वह न केवल टेक को अच्छी तरह से समझते हैं बल्कि यह भी जानते हैं कि कौन सी स्टोरी पाठकों को ज्यादा पसंद आती हैं. अब सत्यव्रत Mysmartprice से जुड़े हैं. और यहां भी उनका मकसद हर रोज बदल रही टेक्नॉलजी की दुनिया की हर बारीकी को आसान शब्दों में पाठकों तक पहुंचाना है.