क्या आपके फ़ोन के लिए 8GB RAM काफी है?

हम जब भी कोई नया फ़ोन खरीदने जाते हैं तो सबसे पहला सवाल जो ज्यादातर लोग पूछते हैं वो है, फ़ोन की मेमोरी कितनी है. आजकल के ज़माने में लोग अपना सभी तरह का डाटा फ़ोन में ही सेव रखते हैं ऐसे में मेमोरी का बहुत बड़ा रोल है.

हालांकि आपको यह जानकर हैरानी हो सकती है कि दुनिया भर में अब 12GB रैम के फ़ोन भी बाज़ार में आ चुके हैं और लगभग सभी नए आने वाले फ़ोन में कंपनी 8GB तक की रैम ज़रूर दे रही है. सभी कंपनियों में ज्यादा से ज्यादा रैम देने की होड़ सी लगी है और यूज़र भी इसके लिए काफी रुझान रखते हैं. ऐसे में हम फ़ोन लेते हुए ये पूछ तो लेते हैं कि फ़ोन की रैम कितनी है, पर ये रैम है क्या?

रैम है रैंडम एक्सेस मेमोरी अल्पकालिक डिजिटल स्टोरेज है, ये ज्यादातर सक्रिय एप्लीकेशन को चलाने के लिए काम में आती है. आसान भाषा में समझे तो ये थोड़े समय के लिए डाटा रखने की जगह हैं और यहां पर रखा गया डाटा बहुत ही जल्दी और आसानी से पढ़ा या देखा जा सकता है.

अब चर्चा का विषय ये है कि क्या आपके फ़ोन के लिए 8GB रैम काफी है? आइए जानते है-

कितनी रैम है फ़ोन के लिए ज़रूरी:

अगर सामान्य तौर पर देखा जाए तो आपके फ़ोन के लिए 4GB तक रैम काफी होती है. इतनी रैम में आप दिनभर के सभी काम आसानी से अपने स्मार्टफ़ोन पर निपटा सकते हैं. पर हां! अगर आप गेमिंग आदि का बेहतरीन अनुभव लेना चाहते हैं तो 8 से 12 GB तक रैम ज़रूरी है.

क्या कम रैम के फ़ोन चलते हैं धीमे:

जी हां! इसमें कोई दोराय नहीं है कि कम रैम के साथ फ़ोन बाकियों के मुकाबले धीमा हो जाता है क्योंकि रैम ही आपके फ़ोन के डाटा को प्रोसेस करने का काम करती है.

इसके अलावा रैम ज्यादा होने के आपके लिए कई फायदे हैं, जैसे कि

• मल्टीटास्किंग: ज्यादा रैम के चलते आप फ़ोन में आसानी से मल्टीटास्किंग कर सकते हैं. कम रैम वाले स्मार्टफ़ोन कई बार एक साथ ज्यादा एप्लीकेशन खोलने पर धीमे पड़ जाते हैं, ऐसे में ज्यादा रैम वाले फ़ोन सही काम करते हैं.

• हैवी एप्लीकेशन आसानी से चलना: कई बार ज़रूरत की कई एप्लीकेशन साइज़ में ज्यादा रहती है, ऐसे में 8GB रैम तक के फ़ोन काफी सही काम करते हैं.

• प्रोसेसिंग पॉवर: ज्यादा रैम का मतलब है कि प्रोसेसिंग पॉवर ज्यादा होना. कोई भी फाइल स्मार्टफ़ोन में चलने से पहले प्रोसेस होती है. कम रैम में ये प्रोसेसिंग स्पीड कम हो जाती है इसलिए ही आपका फ़ोन बाकियों के मुकाबले धीमा कं करता है. 8 GB रैम के फ़ोन में ये परेशानी आपको नहीं होती है.

• बेहतरीन गेमिंग के अनुभव: अगर आप गेमर हैं तो 8GB रैम के फ़ोन के साथ आपको गेमिंग का शानदार अनुभव करने को मिलेगा. ज्यादा रैम के फ़ोन में आप गेम खेलते समय हाई रेजोल्युशन और 3D गेमिंग का एक्सपीरियंस कर पाते हैं. इसलिए गेमर के लिए हमेशा ही ज्यादा रैम वाला फ़ोन लेने की सलाह दी जाती है.

इस तरह से आप इन सभी बातों को ध्यान में रखते हुए अपनी आवश्यकता के अनुसार फ़ोन का चुनाव कर सकते हैं.


सत्यव्रत का मानना है कि टेक्नॉलजी का जितना इस्तेमाल करेंगे, उतना जानेंगे. इसी के चलते उन्होंने टेक जर्नलिस्ट बनने का फैसला लिया. सत्यव्रत ने अपने करियर की शुरुआत दैनिक जागरण से की थी, साल 2015 में वह ज़ी न्यूज़ से जुड़े. वह न केवल टेक को अच्छी तरह से समझते हैं बल्कि यह भी जानते हैं कि कौन सी स्टोरी पाठकों को ज्यादा पसंद आती हैं. अब सत्यव्रत Mysmartprice से जुड़े हैं. और यहां भी उनका मकसद हर रोज बदल रही टेक्नॉलजी की दुनिया की हर बारीकी को आसान शब्दों में पाठकों तक पहुंचाना है.